वैश्विक कार्यक्रम के साथ एनएसई अकादमी का प्रारंभ - MYREALITY.In, Real Estate, Share Market, Mutual Fund, Insurance
Trending
Powered by Blogger.
Wednesday, May 25, 2016

वैश्विक कार्यक्रम के साथ एनएसई अकादमी का प्रारंभ

वैश्विक कार्यक्रम के साथ एनएसई अकादमी का प्रारंभ

मुंबई:देश के प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड (एनएसई) ने    लोगों के वित्तीय हितों को सुनिश्चित करने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए एनएसई अकादमी का गठन किया है।

एनएसई द्वारा विभिन्न स्तर के छात्रों के लिए प्रस्तुत किए जा रहे सभी वर्तमान शैक्षिक कार्यक्रमों का प्रशासन अब एनएसई अकादमी करेगी। इस अवसर पर एनएसई की एमडी एंड सीईओ मिस चित्रा रामकृष्णा ने कहा करीब 1.66 ट्रिलियन डॉलर (100 लाख करोड़ रुपये) केबाजार पूँजीकरण के साथ भारत का स्थान विश्व के 10 सर्वोच्च देशों में हैं और बाजार पूँजीकरण का जीडीपी से अनुपात करीब 75 प्रतिशत है, एनएसई के प्रयत्नों से हमारे छात्रों कोवैश्विक पूँजी बाजारों में प्रोफेशनल्स के तौर पर अपनी अलग पहचान बनाने में मदद मिलेगी।यह भी महत्वपूर्ण है कि वे लोगों के वित्तीय हितों को बेहतर करने में केंद्रिय भूमिका निभा सकते हैं।

एनएसई अकादमी अपनी यात्रा का आरंभ, एनएसई के पुर्निधारित फ्लैगशिप कार्यक्रम पोस्ट ग्रैजुएट सर्टिफिकेट प्रोग्राम इन ग्लोबल फायनेंशियल मार्केट्स (Post Graduate Certificate Programme in Global Financial Markets,पीजीसीपी-जीएफएम) से करेगी।

पीजीसीपी-जीएफएम की रचना बाजार के प्रोफेशनल्स द्वारा की गई है। इसमें कई स्थानों से कार्य कर रही एमएनसीज़, केपीओज़, बीपीएम्स, कस्टोडियन्स, पेंशन फंड्स की बड़ी संख्या में फैली कैप्टिव यूनिट्स से आने वाली प्रोफेशनल्स की माँग को ध्यान में रखा गया है। 

इनमें से अधिकांश कंपनियाँयूनाईटेड स्टेट्स ऑफ अमेरिका की रेगुलेटरी अथॉरिटी- फायनेंशिल इंडस्ट्री रेगुलेटरी अथॉरिटी (FINRA) और सिंगापुर की रेगुलेटरी अथॉरिटी- मॉनेटरी अथॉरिटी ऑफ सिंगापुर(MAS) के साथ रजिस्टर्ड हैं। ऐसी कंपनियों को अमेरिकी और दूसरे अंतर्राष्ट्रीय ग्राहकों के लिए वित्तीय बाजार के प्रोफेशनल्स की आवश्यकता रहती है।

बड़े कॉर्पोरेट्स से आने वाली माँग की पूर्ति के साथ ही, यह आशा भी है कि इंटरनेशनल फायनेंस सेंटर (आईएफसी) और आगामी गिफ्ट सिटी (GIFT city), गुजरात से आने वाली प्रशिक्षित मैनपॉवर की आवश्यकताओं पूर्ति करने में भी ये छात्र महत्पपूर्ण भूमिका निभायेंगें। उल्लेखनीय है कि गिफ्ट सिटी में एनएसई द्वारा एक अंतर्राष्ट्रीय एक्सचेंज की स्थापना करने की प्रक्रिया चल रही है।


पीजीसीपी-जीएफएम कोर्स दिल्ली, मुंबई, चैन्नै, अहमदाबाद, कोलकाता और हैदराबाद से प्रस्तुत किया जाएगा और इसकी नियमित कक्षाएँ 27 जुलाई 2016 से प्रारंभ होंगी। इसके भागीदार छात्र अंतर्राष्ट्रीय ग्राहकों को प्रबंधित करने का कौशल विकसित करेंगे। इनको एक सप्ताह के सिंगापुर इमर्शन कार्यक्रम की अवधि में सर्वश्रेष्ठ बाजार प्रक्रियाओं का अनुभव करवाया जाएगा।

पीजीसीपी-जीएफएम के 11 महीनों के कार्यक्रम के साथ यूनाईटेड स्टेट्स ऑफ अमेरिका, सिंगापुर और भारत के वित्तीय बाजारों के 15 वैश्विक रेगुलेटरी सर्टिफिकेशन्स होंगे। इमसें अमेरिका के FINRA के ग्लोबल फायनेंशियल रेगुलेटरी सर्टिफिकेशन एक्ज़ामिनेशन और कैपिटल मार्केट एंड फायनेंशियल अडवाइज़री सर्विसेज़ (CMFAS)एक्ज़ामिनेशन शामिल होंगे। अधिक विवरण के लिए कृपया विजिट करें-https://www.enit.co.in/ORE/GFM/

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड )NSE)के विषय में:
अपने 20 वर्षों के इतिहास में, NSE ने तकनीक, नवाचार, और संचालन एवं प्रबंधन प्रणालियों के उच्चतम मानदंडो के आधार पर पूंजी बाजार को परिवर्तित किया है। NSE की कारोबारी प्रणालियां, उत्पाद नवाचार और अखंडता के उच्चतम स्तर ने समूचे विश्व में वित्तीय बाजारों में विश्वास अर्जित किया है। भारत में सभी एक्सचेंज ट्रेडेड वित्तीय उत्पादों के लिए पसंदीदा प्लेटफॉर्म होने के अलावा, NSEके अग्रणी इंडेक्स NIFTY 50 का इस्तेमाल भारत और विश्व के निवेशकों द्वारा भारतीय पूंजी बाजार के मानदंड के रूप में किया जाता है। प्रारंभ से ही एक्सचेंज को वैश्विक मीडिया द्वारा व्यापकता से कवर किया गया है और भारतीय प्रतिभूति बाजार में सुधार में किए गए योगदान के सम्मान के लिए इसने कई पुरस्कार प्राप्त किये हैं।
अधिक जानकारी के लिए कृपया विजिट करें: www.nseindia.com

विस्तृत जानकारी के लिए संपर्क करें:
अरिन्दम साहा,
प्रमुख-कॉर्पोरेट कम्युनिकेशन्स, एनएसई
+91–9930019202




वैश्विक कार्यक्रम के साथ एनएसई अकादमी का प्रारंभ Reviewed by S. Chitra on May 25, 2016 Rating: 5 वैश्विक कार्यक्रम के साथ एनएसई अकादमी का प्रारंभ मुंबई : देश के प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड (एनएसई) ने...

No comments:

Google+ Followers